Katyayan Grihya Sutra | कात्यायन गृह्यसूत्र
| Total Views | 6 Views |
|---|---|
| Author | Maharshi Katyayan |
| Editor | Yudhishthiro Mimamshakah |
| Publisher | Ramlal Kapur Trust B.S (2002) |
| Categories | Hindi Books |
| Languages | Hindi |
| File Size | 12.97 MB |
| Source / Credit | View Original |
Description
कात्यायन गृह्यसूत्र वैदिक एवं संस्कृत साहित्य की महत्वपूर्ण कृति है, जो महर्षि कात्यायन से संबंधित गृह्यसूत्र परंपरा का प्रतिनिधित्व करती है। गृह्यसूत्रों में गृहस्थ जीवन से जुड़े विभिन्न धार्मिक संस्कारों, अनुष्ठानों, विधियों और दैनिक आचार-विचार का वर्णन मिलता है। वैदिक परंपरा में जन्म से लेकर विवाह तथा अन्य संस्कारों तक अनेक धार्मिक विधियों को समझने के लिए इन ग्रंथों का विशेष महत्व है। यह पुस्तक भारतीय धार्मिक परंपराओं, वैदिक संस्कारों और प्राचीन गृहस्थ जीवन की विधियों का अध्ययन करने वाले पाठकों के लिए उपयोगी है। इसमें वर्णित विषय वैदिक संस्कृति, संस्कार-पद्धति और पारंपरिक धार्मिक आचार-विचार को समझने में सहायता करते हैं। इस संस्करण का संपादन युधिष्ठिर मीमांसक द्वारा किया गया है और इसका प्रकाशन रामलाल कपूर ट्रस्ट द्वारा वर्ष 2002 में किया गया है। पुस्तक हिंदी भाषा में उपलब्ध है, जिससे पाठकों और शोधार्थियों को मूल विषयवस्तु को समझने में सुविधा होती है।कात्यायन गृह्यसूत्र विशेष रूप से वैदिक अध्ययन, संस्कार-विधि, धर्मशास्त्र, भारतीय संस्कृति और प्राचीन धार्मिक परंपराओं में रुचि रखने वाले विद्यार्थियों एवं शोधकर्ताओं के लिए महत्वपूर्ण संदर्भ ग्रंथ हो सकता है।
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