Shukla Yajurveda, शुक्ल यजुर्वेद
| Total Views | 642 Views |
|---|---|
| Author | Veda Vyasa |
| Publisher | Unkown |
| Categories | Veda Upanishad |
| Languages | Sanskrit |
| File Size | 2.60 MB |
| Source / Credit | View Original |
Description
शुक्ल यजुर्वेद वेदव्यास द्वारा संकलित चार वेदों में से एक प्रमुख वेद है, जो विशेष रूप से यज्ञ, कर्मकाण्ड और वैदिक अनुष्ठानों से संबंधित है। इसमें मंत्रों और यज्ञ-विधानों का वैज्ञानिक वर्णन मिलता है। यह दो भागों में विभाजित है — माध्यन्दिन और काण्व संहिता। शुक्ल यजुर्वेद में यज्ञों के नियम, देवताओं की स्तुतियाँ और दार्शनिक विचार समाहित हैं। इसका उद्देश्य मनुष्य को धर्म, ज्ञान और कर्म के माध्यम से जीवन का संतुलन सिखाना है। संस्कृत भाषा में रचित यह ग्रंथ वैदिक ज्ञान का महत्वपूर्ण स्रोत है।
फाइल साइज: 2.60 MB
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